डाक्टर पंकज श्रीवास्तव का जन्मदिन धूमधाम से मनाया गया जन्मदिन , दस हजार बच्चों को हाईजीन किट वितरण किया
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मोहम्मद सुलेमान /राकेश कुमार सिंह
गोण्डा..जैनस एनिशियटिव्य के संस्थापक एवं वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ चेयर पर्सन चरक हार्ट इंस्टीट्यूट के डॉ पंकज कुमार श्रीवास्तव के जन्मदिन के उपलक्ष में नलिनी एकाडेमी खैराबाग बडगांव ,डाक्टर भीमराव अंबेडकर जूनियर हाई स्कूल मोहल्ला नौसहरा ,पायनियर स्कूल बग्गी रोड गोंडा सहित पूरे मंडल में एक साथ लगभग दस हजार हाइजीन किट बच्चों को वितरण किया गया।नलिनी एकाडेमी में किट वितरण के दौरान दंत रोग विशेषज्ञ डॉ पीयूष रंजन ,रेडक्रास सोसायटी के मंडल प्रभारी कसीम सिद्वीकी,पंकज सिन्हा,एकांश श्रीवास्तव को प्रबधक पंकजभारती,प्रधानाध्त्रापक वनवारी लाल ,संध्या गौड,नन्दिनी सिंह, रुपल यादव,प्रीती,निधि,पूनम व करण पाण्डेय ने स्वागत कर स्मृति चिन्ह व अंगवस्त्र देकर स्वागत किया ।डाक्टर पीयूष रंजन ने बच्चों को स्वस्थ रहने के टिप्स बताते हुए कहा कि अगर बच्चे समय-समय पर हाथ धोना , शारीरिक स्वच्छता पर अगर ध्यान दिया जाए तो बहुत सी गंभीर बीमारियों से बचा जा सकता है हाइजीन किट वितरण कर स्वास्थ्य प्रति बच्चो को जागरूक किया।वही भीमराव अंबेडकर जूनियर हाई स्कूल के प्रबंधक रेड क्रॉस सोसाइटी के मंडल प्रभारी कसीम सिद्दीकी ने कहा कि समय-समय पर हाथ धोना एव शारीरिक स्वच्छता पर अगर ध्यान दिया जाए तो बहुत सी गंभीर बीमारियों से बचाया जा सकता है इसके साथ श्री कसीम सिद्दीकी ने डॉ पंकज के इस कार्य को सरहना करते हुए कहा कि अपने इस व्यस्त समय को निकाल कर समाज के लिए कार्य करना एक पुनीत कार्य है पायनियर स्कूल में डॉ शफीक ने बच्चों को संबोधित करते हुए बताया कि स्वच्छ शरीर पर स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है इस लिए स्कूलों में बच्चों को स्वच्छता पर प्रारंभिक शिक्षा दी जानी चाहिए । सकीना बानो ने भी व्यक्तिगत स्वच्छता और संचारी रोगों के रोकथाम के बारे में विस्तार से बताया । इसके पश्चात कसीम सिद्दीकी एवं डॉ सफीक को हर्षवर्धन एवं डॉ पीयूष रंजन को पंकज भारती ने अंग वस्त्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया, प्रबंधक हर्ष वर्धन नेहरू, प्रधानाचार्या लतिका श्रीवास्तवा, श्रीकांत, राम प्रताप वर्मा, राजू वर्मा, श्रवण, लीना, अनुपमा, ज्योति, अर्चना, नुसरत खान साजिया मजहर निशा फातिमा ,नलिनी कार्यक्रम को सफल बनाने में एकांश श्रीवास्तव का अहम योगदान रहा ।
